देहरादून। एक महिला ने अपने पति, बैंक मैनेजर और एक अज्ञात महिला पर करीब 20 लाख रुपये मूल्य के सोने के आभूषण फर्जी तरीके से निकलवाने का आरोप लगाया है।
पीड़िता ने मामले में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून को प्रार्थना पत्र दिया है। इस मामले में कैंट कोतवाली पुलिस ने पति व अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है
लखनऊ के कमता चिनहट क्षेत्र निवासी खुशबू देवी ने अपनी शिकायत में बताया कि उनका विवाह वर्ष 2009 में देहरादून निवासी प्रवीन कुमार के साथ हुआ था।
आरोप है कि करीब छह माह पहले पति ने उन्हें मारपीट कर घर से निकाल दिया, जिसके बाद उन्होंने दहेज उत्पीड़न और मारपीट के संबंध में मुकदमा भी दर्ज कराया था।
महिला का आरोप है कि उनके नाम पर एसबीआइ की ओएनजीसी तेल भवन शाखा कैंट में गोल्ड लोन लिया गया था।
इसके लिए उनके सोने के आभूषण बैंक में गिरवी रखे गए थे, जिनकी वर्तमान कीमत लगभग 20 लाख रुपये है। गोल्ड लोन की ईएमआइ उनके बैंक खाते से नियमित रूप से कटती रही।
महिला के अनुसार, 09 फरवरी को उन्हें बैंक से एक संदेश प्राप्त हुआ, जिससे पता चला कि गोल्ड लोन से संबंधित आभूषण बैंक से रिलीज कर दिए गए हैं।
महिला का आरोप है कि उनके पति ने बैंक मैनेजर की मिलीभगत से एक अन्य महिला को उनकी जगह पत्नी बताकर प्रस्तुत किया और फर्जी हस्ताक्षर कराकर बैंक में जमा आभूषण निकलवा लिए।
खुशबू देवी का कहना है कि उस समय वह अपने मायके लखनऊ में रह रही थीं और बैंक नहीं गई थीं। उन्होंने जब बैंक अधिकारियों से संपर्क किया तो उन्हें बताया गया कि गहने लेने आई महिला कोई और थी।
महिला ने बताया कि उनके पति ने स्वयं स्वीकार किया कि उसने अपने प्रभाव और बैंक मैनेजर से संबंधों का उपयोग कर आभूषण निकलवा लिए हैं। कैंट कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक शंकर सिंह बिष्ट ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया है।