देहरादून। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने अवैध प्लाटिंग के खिलाफ मंगलवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए मेहूंवाला माफी क्षेत्र में विकसित की जा रही करीब 10 बीघा जमीन की अवैध कालोनी पर बुलडोजर चला दिया।
‘श्रीराम एन्क्लेव’ नाम से बिना स्वीकृति प्लाट काटे जा रहे थे। कार्रवाई के दौरान मौके पर अवैध रूप से बनाई गई सड़कों, सीमांकन व प्लाटिंग संरचना को ध्वस्त कर दिया गया।
प्राधिकरण को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि मेहूंवाला माफी में ईंट भट्ठे के पास बड़े पैमाने पर बिना अनुमति प्लाट बेचे जा रहे हैं।
जांच में सामने आया कि कमल राठौर व अन्य की ओर से बिना नक्शा स्वीकृत कराए कालोनी विकसित की जा रही थी। इसके बाद संयुक्त सचिव गौरव चटवाल के निर्देश पर टीम ने मौके पर पहुंचकर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की।
कार्रवाई के दौरान सहायक अभियंता विजय रावत, अवर अभियंता मुनेश राणा और सुपरवाइजरों की टीम मौजूद रही।
एमडीडीए अधिकारियों का कहना है कि अवैध प्लाटिंग रोकने के लिए सेक्टरवार निगरानी व्यवस्था मजबूत की गई है और अलग-अलग टीमें लगातार क्षेत्रीय निरीक्षण कर रही हैं।
एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में बिना स्वीकृति कालोनी विकसित करने वालों को किसी भी हालत में नहीं छोड़ा जाएगा।
उन्होंने आम लोगों से अपील की कि निवेश से पहले परियोजना की वैधता अवश्य जांच लें, क्योंकि अवैध प्लाट खरीदने पर बाद में कानूनी और आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
अवैध निर्माण और प्लाटिंग के विरुद्ध जीरो टालरेंस नीति लागू है। जहां भी नियमों का उल्लंघन मिलेगा, वहां तत्काल कार्रवाई होगी।