देहरादून। दून के सीमाद्वार क्षेत्र में एक आवारा कुत्ते के आतंक से पूरा इलाका सहमा हुआ है। दावा है कि बीते कुछ समय में उक्त कुत्ता करीब 45 लोगों को काट चुका है। लगातार हमलों से इलाके में भय का माहौल है। महिलाएं और बच्चे अकेले गलियों में निकलने से कतरा रहे हैं, वहीं लोग सुबह-शाम टहलना भी छोड़ चुके हैं।
हालात की गंभीरता को देखते हुए पार्षद की शिकायत पर नगर निगम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कुत्ते को पकड़कर एनिमल बर्थ कंट्रोल (एबीसी) सेंटर भेज दिया।
सीमाद्वार वार्ड के पार्षद विनोद रावत ने शुक्रवार को नगर निगम को लिखित शिकायत सौंपी। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में एक आवारा कुत्ता आक्रामक हो चुका है और दहशत का कारण बना हुआ है। पहले मौखिक रूप से निगम कर्मचारियों को सूचना दी गई थी, लेकिन अब औपचारिक शिकायत दर्ज कराई गई, जिसके बाद कार्रवाई हुई।
नगर निगम के वरिष्ठ पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. वरुण अग्रवाल ने बताया कि शिकायत मिलने के एक घंटे के भीतर टीम मौके पर भेजी गई और कुत्ते को सुरक्षित रूप से पकड़कर पिंजरे में एबीसी सेंटर पहुंचाया गया। उन्होंने बताया कि कुत्ते को 10 दिन तक आईसोलेशन में रखकर निगरानी की जाएगी। यदि इस अवधि में कुत्ते की मृत्यु होती है तो उसे रेबीज से ग्रसित माना जाएगा।
डॉ. अग्रवाल के अनुसार निगम रिकार्ड में कुत्ते का पूर्व में बंध्याकरण और टीकाकरण किया जाना दर्ज है। इसके बावजूद जरूरत पड़ने पर एंटी-रेबीज वैक्सीन दी जाएगी। साथ ही कुत्ते को लोगों के बीच शांत रहने का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा, जिसके बाद उसे कोर्ट के दिशा-निर्देशों के क्रम में उसी क्षेत्र में छोड़ा जाएगा।
उन्होंने बताया कि महापौर सौरभ थपलियाल और नगर आयुक्त नमामी बंसल के निर्देश पर आक्रामक आवारा या पालतू कुत्तों के खिलाफ सख्त और त्वरित कार्रवाई की जा रही है। शिकायत मिलने के एक से दो घंटे के भीतर कुत्ते को पकड़कर एबीसी सेंटर पहुंचाया जा रहा है।