चिदंबरम ने कहा कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 112 में केवल वार्षिक वित्तीय विवरण का जिक्र है, जो केंद्रीय बजट है। फिर दो बजट कैसे हो सकता है? उन्होंने आगे कहा कि चुनाव प्रचार के शेष दिनों में आशा है कि प्रधानमंत्री झूठे आरोपों और अपमानजनक दावों का रास्ता छोड़ देंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि सत्ता में रहने के दौरान पार्टी मुसलमानों के लिए बजट का 15 प्रतिशत आवंटित करना चाहती थी। पीएम मोदी के इस आरोप पर कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस आरोप को गलत बताया। इसके साथ ही उन्होंने दावा किया कि पीएम मोदी ने लोकसभा चुनाव के बीच हिंदू मुस्लिम विभाजन के मकसद से यह टिप्पणी की है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को महाराष्ट्र में एक रैली को संबोधित करते हुए कहा था कि साल 2004 से 2014 के बीच सत्ता में रहने के दौरान कांग्रेस ने बजट का 15 प्रतिशत अल्पसंख्यकों पर खर्च करने की योजना बनाई थी। पीएम मोदी ने मुसलमानों को कांग्रेस का पसंदीदा वोट बैंक भी बताया। उन्होंने आगे बताया कि भाजपा के कड़े विरोध के कारण कांग्रेस को यह प्रस्ताव छोड़ना पड़ा था।
प्रधानमंत्री के बयान पर चिदंबरम का पलटवार
पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम ने पीएम मोदी के इस बयान पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, “माननीय प्रधानमंत्री के बयान लगातार अजीब होते जा रहे हैं और यह दर्शाते हैं कि उनके भाषण लिखने वाले अपना संतुलन खो बैठे हैं। कल, उन्होंने दावा किया कि अगर उन्होंने हिंदू-मुस्लिम विभाजन किया, तो वह सार्वजनिक जीवन में रहने के योग्य नहीं होंगे। आज, उन्होंने हिंदुओं और मुसलमानों को विभाजित करने का अपना खेल खेला।”