देहरादून। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून इन दिनों राजनीतिक दलों के कूच-युद्ध का मैदान बनी हुई है। भाजपा और कांग्रेस दोनों ही एक-दूसरे के कार्यालयों पर धावा बोलने में जुटे हैं। इस कूच युद्ध के बीच सड़कें जाम, आम जनता हलाकान और स्कूली बच्चों की फजीहत हो रही है।
दो दिन पहले भाजपा कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस मुख्यालय कूच कर राहुल गांधी के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की थी। सड़कें घंटों जाम रहीं और माहौल पूरी तरह गरमाया रहा। अब बुधवार को कांग्रेस ने भाजपा के प्रदेश कार्यालय का घेराव करने की ठानी। लेकिन, पुलिस पहले से ही तैयार बैठी थी।
भाजपा मुख्यालय से आधा किलोमीटर दूर ही बैरिकेडिंग कर दी गई, और बलबीर रोड को पूरी तरह बंद कर दिया गया। नतीजा यह हुआ कि आम लोगों की आवाजाही थम गई और स्कूली बच्चों से लेकर आफिस जाने वालों तक सभी को वैकल्पिक रास्ते तलाशने पड़े।
करीब दो घंटे तक कांग्रेसी सड़क पर हंगामा करते रहे, पुलिस बल उन्हें रोकने में जुटा रहा, और भाजपा कार्यालय के अंदर नेता कांग्रेस के प्रदर्शन पर चाय के साथ राजनीतिक विश्लेषण करते नजर आए। स्थानीय लोगों की नाराजगी साफ झलक रही थी। एक बुजुर्ग ने तंज कसते हुए कहा कि जब प्रदेश के विकास, महंगाई, बेरोजगारी और आपदा प्रबंधन पर नीतियों की बहस होनी चाहिए, तब नेता सियासी नारेबाजी और सड़क प्रदर्शन में व्यस्त हैं।