देहरादून। राजधानी देहरादून के कैंट थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले प्रसिद्ध संतला देवी मंदिर के पास रविवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया।
भारी बारिश के कारण अचानक नदी का जलस्तर बढ़ जाने से सात व्यक्ति नदी के बीचों-बीच बने एक टापू पर फंस गए
सूचना मिलते ही पुलिस और राज्य आपदा प्रतिवादन बल की टीम ने बेहद प्रतिकूल परिस्थितियों में जोखिमपूर्ण रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर सभी सातों लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
अचानक बढ़ा पानी
रविवार को पुलिस कंट्रोल रूम के माध्यम से एसडीआरएफ को आपातकालीन सूचना मिली कि संतला देवी मंदिर के समीप नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया है और कुछ लोग टापू पर फंस गए हैं, जिन्हें तत्काल मदद की आवश्यकता है।
तत्काल रवाना हुई टीम: सूचना मिलते ही एसडीआरएफ पोस्ट सहस्त्रधारा से उप निरीक्षक राजबर राणा के नेतृत्व में एक विशेषज्ञ रेस्क्यू टीम आवश्यक उपकरणों के साथ तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना हुई।
विपरीत परिस्थितियां: जब टीम मौके पर पहुंची तो लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण नदी का जलस्तर और बहाव बेहद खतरनाक हो चुका था। चारों तरफ से उफनती तेज धाराओं के बीच फंसे इन लोगों के लिए खुद से बाहर निकल पाना नामुमकिन था।
रस्सियों के सहारे बनी राह
परिस्थितियों की गंभीरता को देखते हुए एसडीआरएफ की टीम ने बिना एक पल गंवाए स्थानीय सिविल पुलिस के साथ तालमेल बिठाकर रेस्क्यू अभियान शुरू किया।
नदी का बहाव तेज था और किनारे अत्यधिक फिसलन भरे थे। इसके बावजूद प्रशिक्षित जवानों ने अपनी पेशेवर दक्षता और साहस का परिचय देते हुए विशेष रेस्क्यू उपकरणों व रस्सियों की मदद से टापू तक पहुंच बनाई।
एक-एक कर सभी सात व्यक्तियों को नदी की तेज धारा से बाहर निकालकर सुरक्षित स्थान पर लाया गया। जवानों की त्वरित प्रतिक्रिया के कारण एक संभावित बड़ी जनहानि को टाल दिया गया।
प्रशासन ने मानसून के इस मौसम में स्थानीय निवासियों और पर्यटकों से अपील की है कि वे मौसम की चेतावनी को गंभीरता से लें और उफनते नदी-नालों के किनारे जाने से पूरी तरह परहेज करें।